बहुजन समाज पार्टी प्रमुख Mayawati ने समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता राजकुमार भाटी की ब्राह्मण समाज पर की गई कथित अभद्र टिप्पणी को लेकर सपा नेतृत्व पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि इस बयान से ब्राह्मण समाज में भारी नाराज़गी है और सपा नेतृत्व की चुप्पी मामले को और गंभीर बना रही है।
मायावती ने कहा कि पुलिस केस दर्ज होने के बाद भी समाजवादी पार्टी की ओर से स्पष्ट प्रतिक्रिया न आना चिंता की बात है। उन्होंने Akhilesh Yadav से तत्काल ब्राह्मण समाज से माफी मांगने की अपील की और कहा कि ऐसा करना राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से उचित होगा।

बसपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि इस पूरे विवाद ने सपा की जातिवादी राजनीति को उजागर कर दिया है। उन्होंने दावा किया कि समाजवादी पार्टी का रवैया केवल दलित, पिछड़े और मुस्लिम समाज ही नहीं, बल्कि ब्राह्मण समाज के प्रति भी नकारात्मक रहा है।
मायावती ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी हमेशा “सर्वसमाज” की राजनीति में विश्वास करती रही है। उनके मुताबिक, बसपा ने अपने शासनकाल और संगठन में सभी वर्गों को सम्मान और भागीदारी दी है। उन्होंने कहा कि बसपा में “यूज एंड थ्रो” की राजनीति नहीं होती और हर समाज के हितों को प्राथमिकता दी जाती है।
इस मुद्दे को लेकर उत्तर प्रदेश की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है और विभिन्न दलों के नेता लगातार प्रतिक्रिया दे रहे हैं।
