लंबे इंतजार के बाद अब शादी का सीजन एक बार फिर शुरू हो गया है। सूर्य के मेष राशि में प्रवेश करते ही खरमास समाप्त हो चुका है और इसके साथ ही मांगलिक कार्यों पर लगा विराम भी हट गया है। अब घर-घर में शहनाइयों की गूंज सुनाई देने लगी है और लोग शुभ मुहूर्त की तलाश में जुट गए हैं।

ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार अप्रैल और मई 2026 का समय विवाह के लिए बेहद शुभ माना जा रहा है। इस दौरान ग्रहों की स्थिति सकारात्मक है, जो वैवाहिक जीवन में सुख, समृद्धि और स्थिरता लाने का संकेत देती है।

ग्रहों की स्थिति क्यों है खास

पंचांग के अनुसार इस समय शुक्र और बृहस्पति ग्रह की स्थिति अनुकूल बनी हुई है।
ज्योतिष में ये दोनों ग्रह विवाह, प्रेम और खुशहाल जीवन के कारक माने जाते हैं।
इनकी शुभ स्थिति से वैवाहिक जीवन में आपसी समझ, प्रेम और स्थायित्व बढ़ने की संभावना रहती है।
कितने हैं शादी के मुहूर्त
अप्रैल और मई 2026 में कुल 16 शुभ विवाह मुहूर्त बन रहे हैं।
अक्षय तृतीया से ही इन शुभ तिथियों की शुरुआत हो चुकी है, जिससे शादी-ब्याह के कार्यक्रम तेज हो गए हैं।
हालांकि, इसके बाद आने वाले पुरुषोत्तम मास के दौरान एक बार फिर मांगलिक कार्यों पर रोक लग सकती है, इसलिए इस बीच के समय को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अप्रैल 2026 के प्रमुख विवाह मुहूर्त
अप्रैल महीने में कई शुभ तिथियां हैं, जिन पर विवाह करना शुभ माना गया है:
15 अप्रैल (बुधवार)
20 अप्रैल (सोमवार)
21 अप्रैल (मंगलवार)
25 अप्रैल (शनिवार)
26 अप्रैल (रविवार)
27 अप्रैल (सोमवार)
28 अप्रैल (मंगलवार)
29 अप्रैल (बुधवार)
क्यों खास है यह समय
खरमास के दौरान विवाह जैसे शुभ कार्य नहीं किए जाते, लेकिन इसके खत्म होते ही शुभ समय शुरू हो जाता है।
इस बार ग्रहों की स्थिति भी विवाह के लिए अनुकूल है, इसलिए यह समय रिश्तों की शुरुआत के लिए बेहद शुभ माना जा रहा है।
निष्कर्ष
अगर आप भी शादी की योजना बना रहे हैं, तो अप्रैल और मई 2026 आपके लिए सुनहरा मौका साबित हो सकता है। सही मुहूर्त में किया गया विवाह जीवन में खुशियां और स्थिरता लेकर आता है।