केंद्र सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को बड़ी राहत देते हुए महंगाई भत्ता (DA) में 2 फीसदी की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। कैबिनेट के इस फैसले के बाद डीए 58 फीसदी से बढ़कर 60 फीसदी हो गया है। इस फैसले से देशभर के करीब 50 लाख कर्मचारियों और 65 लाख पेंशनर्स को फायदा मिलेगा।

सरकार समय-समय पर महंगाई के प्रभाव को देखते हुए डीए और पेंशनर्स के लिए महंगाई राहत (DR) में संशोधन करती है। यह आमतौर पर साल में दो बार—जनवरी और जुलाई में—अपडेट किया जाता है।

कितनी बढ़ेगी सैलरी?

डीए में 2 फीसदी बढ़ोतरी का सीधा असर कर्मचारियों की सैलरी पर पड़ेगा। उदाहरण के तौर पर:
अगर किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी 36,500 रुपये है, तो पहले 58% के हिसाब से उसे 21,170 रुपये डीए मिलता था।
अब 60% होने के बाद डीए बढ़कर 21,900 रुपये हो जाएगा।
यानी हर महीने करीब 730 रुपये की बढ़ोतरी होगी। साथ ही जनवरी से एरियर (बकाया) भी दिया जाएगा, जिससे एकमुश्त रकम भी बढ़ेगी।
इसी तरह पेंशनर्स को भी फायदा मिलेगा:
9,000 रुपये बेसिक पेंशन पर पहले 5,220 रुपये डीआर मिलता था
अब यह बढ़कर 5,400 रुपये हो जाएगा
क्यों बढ़ाया गया डीए?
डीए की गणना ऑल-इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (AICPI-IW) के आधार पर की जाती है। महंगाई बढ़ने के साथ ही सरकार कर्मचारियों की क्रय शक्ति बनाए रखने के लिए डीए में वृद्धि करती है।
अन्य बड़े फैसले भी
कैबिनेट ने इस बैठक में कुछ और अहम फैसले भी लिए हैं:
सॉवरेन मेरिटाइम फंड को मंजूरी, 13,000 करोड़ रुपये का कॉर्पस
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना को 2028 तक बढ़ाया गया
इसके लिए अतिरिक्त 3,000 करोड़ रुपये का आवंटन
कर्मचारियों के लिए राहत
इस फैसले से सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स की आय में सीधा इजाफा होगा, जिससे बढ़ती महंगाई के बीच उन्हें राहत मिलेगी।