प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि दुनिया इस समय संघर्ष और आर्थिक अस्थिरता के दौर से गुजर रही है, जिससे भोजन, ईंधन और सप्लाई चेन प्रभावित हुई हैं। इसके बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था ने 7.8 प्रतिशत की ग्रोथ दर्ज की है और देश की विकास यात्रा दुनिया के लिए भरोसे और नए अवसरों का स्रोत बन रही है।

गुरुवार को बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर के साथ मुलाकात के बाद पीएम मोदी ने कहा कि दोनों देशों की प्राथमिकताओं में क्लीन एनर्जी और भरोसेमंद सप्लाई चेन अहम हैं। रिन्यूएबल एनर्जी, क्रिटिकल मिनरल्स की प्रोसेसिंग और रिसाइक्लिंग में सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी है।
सेमीकंडक्टर क्षेत्र में भी दोनों देश साथ काम करेंगे। पीएम मोदी ने कहा कि बेल्जियम की तकनीकी विशेषज्ञता और भारत का बड़ा बाजार एक-दूसरे के पूरक हैं। बेल्जियम के IMEC संस्थान को भारत के सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम से जोड़ने की दिशा में काम किया जाएगा।
यूक्रेन और पश्चिम एशिया के संघर्षों का जिक्र करते हुए मोदी ने युद्ध की जल्द समाप्ति और शांति के प्रयासों का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि आतंकवाद के हर रूप को खत्म करना भारत और बेल्जियम की साझा प्रतिबद्धता है।
वहीं बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर ने मुलाकात के दौरान एक दिलचस्प किस्सा साझा किया। उन्होंने पीएम मोदी के लिए बेल्जियन चॉकलेट से बना इंडिया गेट का स्कल्पचर तैयार कराया था, लेकिन चॉकलेट से बना यह तोहफा भारत पहुंचने से पहले ही खराब हो गया। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि चॉकलेट कूटनीति के लिए अच्छी है, लेकिन कूटनीतिक यात्रा के लिए नहीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इसका दूसरा संस्करण किसी तरह पीएम मोदी तक जरूर पहुंचाया जाएगा।



