गुजरात के अहमदाबाद में स्थित 53 वर्ष पुराने सुभाष ब्रिज को गुरुवार को नियंत्रित तरीके से ध्वस्त करने की प्रक्रिया के तहत नदी के ऊपर बने तीन स्पैन सुरक्षित रूप से नीचे उतार दिए गए। यह पुल अब पूरी तरह इतिहास का हिस्सा बनने जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, इसकी जगह अत्याधुनिक तकनीक से नया पुल बनाया जाएगा, जिसके अप्रैल या मई 2027 तक तैयार होने की संभावना है। नए पुल के निर्माण पर लगभग 235 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। ध्वस्तीकरण का पूरा कार्य आधुनिक मशीनों की मदद से बेहद सावधानी के साथ किया गया और इसकी पूरी प्रक्रिया कैमरे में रिकॉर्ड की गई।
सुभाष ब्रिज का निर्माण वर्ष 1973 में साबरमती नदी पर किया गया था। दिसंबर 2025 में पुल में दरार आने और एक हिस्से के धंसने के बाद इसे एहतियातन बंद कर दिया गया था। इसके बाद विभिन्न इंजीनियरिंग विशेषज्ञों और आईआईटी रुड़की तथा आईआईटी मुंबई जैसे संस्थानों से इसकी तकनीकी जांच कराई गई। जांच में पुल की संरचना को सुरक्षित नहीं माना गया, जिसके बाद इसे पूरी तरह हटाकर नया पुल बनाने का निर्णय लिया गया। अब प्रशासन का कहना है कि नया पुल आधुनिक मानकों के अनुरूप तैयार किया जाएगा, जिससे शहर की यातायात व्यवस्था और अधिक सुरक्षित एवं सुगम हो सके।




