प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज की मुलाकात में दोनों देशों ने व्यापार, रक्षा, ऊर्जा और रणनीतिक साझेदारी को नई दिशा देने वाले कई महत्वपूर्ण समझौतों पर सहमति जताई। सबसे अहम सिविल न्यूक्लियर एनर्जी समझौते के तहत ऑस्ट्रेलिया भारत को व्यावसायिक स्तर पर यूरेनियम की आपूर्ति करेगा, जिससे भारत की परमाणु ऊर्जा परियोजनाओं को गति मिलेगी और स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन बढ़ाने में मदद मिलेगी। दोनों नेताओं ने व्यापार, महत्वपूर्ण खनिजों की आपूर्ति और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में सहयोग को भी मजबूत करने पर जोर दिया।
बैठक के दौरान रक्षा और समुद्री सुरक्षा के क्षेत्र में भी कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। दोनों देशों ने डिफेंस एंड सिक्योरिटी पर संयुक्त घोषणा जारी करते हुए डिफेंस इनोवेशन कॉरिडोर, मैरिटाइम सिक्योरिटी रोडमैप और क्रिटिकल मिनरल्स साझेदारी शुरू करने का निर्णय लिया। साथ ही साइबर सुरक्षा, तकनीक, सप्लाई चेन और आतंकवाद के खिलाफ सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी। दोनों देशों ने नियम-आधारित वैश्विक व्यवस्था, क्षेत्रीय शांति और इंडो-पैसिफिक में स्थिरता बनाए रखने के लिए मिलकर काम करने का संकल्प भी दोहराया।




