द्वारका जिला पुलिस ने अलग-अलग ऑपरेशन में दो घोषित अपराधियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। गिरफ्तार आरोपियों में एक ऐसा बदमाश शामिल है जो अवैध हथियार के दम पर नशे के आदी लोगों को धमकाकर उनसे पैसे वसूलता था, जबकि दूसरा वाहन चोरी के मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था।
पहली कार्रवाई नजफगढ़ थाना पुलिस ने की। पुलिस टीम यूईआर-दो और नांगली सकरावती इलाके में नियमित गश्त कर रही थी, तभी एक संदिग्ध युवक पुलिस को देखकर अचानक भागने लगा। शक होने पर पुलिसकर्मियों ने पीछा कर उसे दबोच लिया।

पूछताछ में उसकी पहचान दिलशाद उर्फ मोनू (33) के रूप में हुई, जो धर्मपुरा, नजफगढ़ का रहने वाला है। तलाशी के दौरान उसके पास से एक लोडेड देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आरोपी अपनी नशे की लत पूरी करने के लिए अवैध हथियार दिखाकर नशेड़ियों को डराता था और उनसे पैसे ऐंठता था। जांच में यह भी खुलासा हुआ कि वह एनडीपीएस एक्ट के एक मामले में अदालत द्वारा घोषित अपराधी था। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट, एनडीपीएस और अन्य गंभीर धाराओं में 30 से ज्यादा केस दर्ज हैं। पुलिस ने उसके खिलाफ नया मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
दूसरी कार्रवाई द्वारका नॉर्थ थाना पुलिस ने की, जहां आकाश मेहुलिया उर्फ चीनू (34) को गिरफ्तार किया गया। पुलिस को सूचना मिली थी कि मोटर वाहन चोरी के मामले में वांछित यह आरोपी लगातार अपने ठिकाने बदलकर गिरफ्तारी से बच रहा है।
तकनीकी निगरानी और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने सेक्टर-3 द्वारका में जाल बिछाकर उसे गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, आकाश को इसी साल जनवरी में द्वारका कोर्ट ने वाहन चोरी के एक मामले में घोषित अपराधी करार दिया था।
उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, धोखाधड़ी, मारपीट और वाहन चोरी समेत आठ आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं।

पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी से इलाके में अपराध पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी और इनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भी जांच की जा रही है।


