राजधानी में ऐतिहासिक धरोहरों से लोगों को जोड़ने के उद्देश्य से दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) ने Mehrauli Archaeological Park में ‘हेरिटेज वीक’ की शुरुआत की है। एक सप्ताह तक चलने वाले इस कार्यक्रम का मकसद खासकर युवाओं और छात्रों को दिल्ली की समृद्ध सांस्कृतिक और स्थापत्य विरासत से परिचित कराना है।

फोटोग्राफी प्रतियोगिता से जुड़ेंगे देशभर के लोग

इस बार DDA ने पहली बार MyGov के साथ साझेदारी की है। इसके तहत एक ऑनलाइन फोटोग्राफी प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है, जिसमें देशभर के प्रतिभागी हिस्सा ले सकते हैं।

प्रतिभागियों को महरौली पुरातात्विक पार्क के ऐतिहासिक स्थलों की तस्वीरें लेकर पोर्टल पर अपलोड करनी होंगी। इसका उद्देश्य लोगों को विरासत के प्रति जागरूक करना और उनकी रचनात्मकता को मंच देना है।
छात्रों के लिए खास गतिविधियां
छात्रों को जोड़ने के लिए 15 और 16 अप्रैल को कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें शामिल हैं—
हेरिटेज वॉक
संवाद प्रतियोगिता
कहानी लेखन
स्केचिंग और पेंटिंग प्रतियोगिता
इसके लिए DDA ने स्कूलों से भी अपील की है कि वे छात्रों को इन गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करें।
पब्लिक हेरिटेज वॉक और कव्वाली नाइट
17 अप्रैल को आम नागरिकों के लिए एक विशेष हेरिटेज वॉक आयोजित की जाएगी, जिससे लोग पार्क के ऐतिहासिक स्थलों को करीब से देख सकेंगे।
कार्यक्रम का समापन 18 अप्रैल को होगा, जो ‘अंतर्राष्ट्रीय स्मारक और स्थल दिवस’ के रूप में भी मनाया जाता है। इस दिन—
पुरस्कार वितरण
चुनी गई कृतियों की प्रदर्शनी
और एक सांस्कृतिक कव्वाली नाइट आयोजित की जाएगी
ऐतिहासिक धरोहरों का संरक्षण
महरौली पार्क में कई ऐतिहासिक इमारतों का संरक्षण और सौंदर्यीकरण किया गया है, जिनमें प्रमुख हैं—
Balban's Tomb
Quli Khan Tomb
यहां हरियाली, लैंडस्केपिंग और बेहतर रास्तों की व्यवस्था की गई है, जिससे पार्क के 55 ऐतिहासिक ढांचों तक आसानी से पहुंचा जा सके।
सुकून और इतिहास का संगम
पार्क में Qutub Minar का खूबसूरत नजारा देखने के लिए खास व्यू-पॉइंट बनाए गए हैं। साथ ही मेटकाफ बोथहाउस के पास तालाब को भी नया रूप दिया गया है, जहां फाउंटेन, झरने और लाइटिंग की व्यवस्था की गई है।
निष्कर्ष
‘हेरिटेज वीक’ न केवल दिल्ली की ऐतिहासिक विरासत को करीब से देखने का मौका देता है, बल्कि यह नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने की एक अहम पहल भी है।