नई दिल्ली एक बार फिर दुनिया की बड़ी कूटनीतिक गतिविधि का केंद्र बनने जा रही है। भारत की मेजबानी में होने वाले BRICS Summit के लिए तैयारियां तेज हो गई हैं। प्रस्तावित कार्यक्रम के तहत दुनिया के कई प्रमुख नेता दिल्ली पहुंचेंगे और वैश्विक अर्थव्यवस्था, व्यापार, सुरक्षा तथा बहुपक्षीय सहयोग जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करेंगे।
रिपोर्ट के अनुसार 12 से 13 सितंबर तक होने वाले इस सम्मेलन के दौरान करीब 35 देशों के प्रतिनिधियों और नेताओं की भागीदारी देखने को मिल सकती है। इसके अलावा लगभग 22 अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की भी संभावना है। इतने बड़े आयोजन को देखते हुए राजधानी में सुरक्षा और ट्रैफिक मैनेजमेंट के लिए विशेष व्यवस्था तैयार की जा रही है।
दिल्ली में सम्मेलन के दौरान कई प्रमुख मार्गों पर यातायात नियंत्रित किया जा सकता है। विदेशी प्रतिनिधिमंडलों की आवाजाही को देखते हुए एयरपोर्ट से लेकर सम्मेलन स्थल और प्रमुख होटलों तक सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जाने की तैयारी है।
भारत के लिए यह सम्मेलन केवल एक अंतरराष्ट्रीय आयोजन नहीं, बल्कि वैश्विक मंच पर अपनी कूटनीतिक भूमिका को और मजबूत करने का अवसर भी है। BRICS में ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका जैसे संस्थापक देशों के साथ अब कई नए सदस्य भी जुड़े हैं, जिससे इस समूह का वैश्विक प्रभाव बढ़ा है।
सम्मेलन के दौरान व्यापार, निवेश, विकासशील देशों की प्राथमिकताओं, वैश्विक संस्थानों में सुधार और आपसी सहयोग जैसे मुद्दे चर्चा के केंद्र में रह सकते हैं।

दिल्लीवासियों के लिए हालांकि इन दो दिनों में ट्रैफिक एडवाइजरी महत्वपूर्ण होगी। प्रशासन की ओर से सम्मेलन से पहले विस्तृत यातायात और सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देश जारी किए जाने की उम्मीद है।



